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पिंजौर16 घंटे पहले
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- कई सालों से अवैध कब्जे करके कबाड़ के गोदाम बनाकर कारोबार किया जा रहा है
पिंजौर शहर में लंबे अरसे से सरकारी जमीन पर कब्जे करने का सिलसिला लगातार बना हुआ है, सरकार व प्रशासन द्वारा इस पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही जिसके चलते शहर में अगर जनता की सुविधा के लिए अगर कोई पार्क, धर्मशाला आदि बनानी पड़े तो प्रशासन को कहीं भी सरकारी जमीन खाली नहीं मिलती जिस कारण सरकार को डेवलपमेंट टैक्स के नाम पर मोटा रेवेन्यू देने वाली जनता इन सुविधाओं से वंचित है।
पिंजौर-कालका मेन रोड के दोनों किनारों पर कर्मशियल लैंड है जहां पर लाखों-करोड़ों रुपए लगाकर लोगों ने बड़े-बड़े शोरूम बनाकर उसमें कमर्शियल काम किया जाता है जिसका वो लोग सरकार को टैक्स के रूप में रेवेन्यू भी देते है परंतु पिंजौर में इसी मेन रोड के किनारे फाॅरेस्ट के सामने सरकारी जमीन है जहां पिछले कई सालों से अवैध कब्जे करके वहां पर कबाड़ के गोदाम बनाकर कारोबार किया जा रहा है। पिछले करीब 10 सालों में नगर निगम ने भी इस पर कोई कार्रवाई नहीं की।
पहले तो कुछ लोगों ने रोड से कुछ हटकर सरकारी जमीन पर कच्चे कबाड़ गोदाम बनाए, प्रशासन द्वारा इस पर कोई कार्रवाई न करने पर देखते ही देखते लोहे की टिन डालकर उन्होंने पक्के कबाड़ के गोदाम बना लिए, फिर भी प्रशासन ने कोई गंभीरता नहीं दिखाई तो लोगों ने वहां पर कई कबाड़ के गोदाम बनाकर अपना कारोबार शुरू कर दिया।
अब तो उनके हौंसले इतने ज्यादा खुल गए कि कबाड़ के ढेर रोड के साथ ही लगाने शुरू कर दिए। हर समय यहां पर कबाड़ उतारने व लोड करने के लिए वाहन भी खड़े रहते है जिससे मेन रोड पर चलने वाला ट्रैफिक भी प्रभावित होता है। इसी जगह पर रोड के साथ कई कंडम वाहन भी खड़े हुए हैं।
इस कबाड़ से लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय बलराज गौतम (बल्लू), राजिंद्र मेहता और अरुण शर्मा आदि ने बताया कि फॉरेस्ट के सामने लगे कबाड़ के गोदामों से सरकार व प्रशासन की कार्यशैली पर बड़े सवाल उठ रहे है।
इसमें सरकार द्वारा चलाए गए स्वच्छता अभियान की यहां पर सरेआम पोल खुल रही है, मेन रोड किनारे कबाड़ व गंदगी के ढेर लगे रहते है, कई बार शाम के समय इस कबाड़ में से मैटल की धातु निकालने के लिए इसे जलाया भी जाता है जिसमें से उठने वाले गंदे धुंए से प्रदूर्शन फैलता है। इससे आसपास रहने वाले लोगों को सांस लेने में भी दिक्कत होती है। प्रतिदिन इसी के पास से प्रशासन के अधिकारी भी निकलते है फिर भी वो इसे देखकर भी अनदेखा कर रहे है।
लोगों ने कहा कि मेन रोड किनारे कमर्शियल जमीन है जिसकी कीमत करोड़ों में है। इसी जमीन पर सरेआम कब्जे करके कमर्शियल काम किया जा रहा है। ऊपर से उनके द्वारा कोई टैक्स भी नहीं दिया जा रहा फिर भी सरकार और प्रशासन द्वारा इस पर कोई कदम नहीं उठाया जा रहा।
^फॉरेस्ट के सामने रोड के साथ पड़े कबाड़ व गंदगी के ढेर लगाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए नोटिस भी दिए जाएंगे, इंफोर्समेंट न होने के कारण उन्हें अभी उठाना मुश्किल है, बाकी इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी जाएगी। –विजेंद्र सेनेटरी इंस्पेक्टर नप पिंजौर
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