बच्चों ने किया था विरोध फिर भी मां की जिद्द बनी होसला, दिन की हो रही है 7 हजार की कमाई

0

मां तो मां है…आज हम आपको एक ऐसी मां की कहानी बता रहे हैं, जिसने अपने सपने के लिए बाहर वालों के साथ अपने बच्चों के भी विरोध का सामना किया. यही नहीं, अपनी जिद और कड़ी मेहनत से वह न सिर्फ सफल हुईं बल्कि अच्‍छी कमाई कर रही हैं. यह कहानी लखनऊ के अलीगंज की रहने वाली शिवाली कपूर की है. वह अलीगंज के पुरनिया के पास कपूर्स किचन के नाम से अपना स्टॉल लगाती हैं. इस स्टॉल की खास बात यह है कि यहां आपको कई तरह के पराठे, रोटी सब्जी, छोले चावल के साथ ही पनीर भी मिलता है. जबकि खाने का स्‍वाद एकदम घर जैसा है.

यही नहीं, कीमत कम होने की वजह से लखनऊ के युवा और नौकरी पेशा लोग इस स्‍टॉल पर खूब खाना आते हैं. जबकि यहां लोगों को बैठने की भी व्‍यवस्‍था है. वहीं, शिवाली कपूर सुबह 11:00 बजे से लेकर शाम 5:00 बजे तक लोगों को खाना खिलाती हैं.

टारगेट पूरा करना था मुश्किल, इसलिए…
शिवाली कपूर ने बताया कि वह पहले एक इंश्योरेंस कंपनी में सेल्स मैनेजर थीं. अच्छी कमाई हो रही थी, लेकिन कोरोना वायरस के टाइम पर नौकरी छोड़नी पड़ी. इसके बाद एक ऑनलाइन कंपनी में नौकरी की, जो कि टारगेट के आधार पर थी. वहीं, लॉकडाउन में टारगेट पूरा करना मुश्किल था, लिहाजा एक बार फिर नौकरी छोड़नी पड़ी. इसके बाद घर में रहते रहते बीमार रहने लगी थी. साथ ही बताया कि मुझे खाना बनाने का शौक था, तो फूड स्टॉल लगाने के बारे में सोचा. इस बीच बच्चों ने कहा कि स्टॉल नहीं लगाना है, ऐसा करते हुए अच्छा नहीं लगेगा. यह हमारे स्‍टेटस के खिलाफ है. शिवाली कपूर के मुताबिक, इससे वह टूट गईं, लेकिन हार नहीं मानी. कुछ समय के बाद फूड स्‍टॉल लगा दिया. अब इस स्‍टॉल का लोग खाना खूब पसंद कर रहे हैं.

एक दिन में हो रही 7000 रुपये की कमाई
शिवाली कपूर ने बताया कि उनकी एक दिन में 7000 की कमाई हो रही है. वह ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह से ही खाना लोगों तक पहुंचा रही हैं. साथ ही बताया कि अब बच्चे भी सहयोग करते हैं, जिससे आगे बढ़ने का जज्बा मिल रहा है. साथ ही बताया कि अब पति भी उनके काम से खुश हैं, जो कि लाइट का काम करते हैं.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here