More than 200 positive people untressed, if someone gave wrong name and address, then someone’s phone stopped | 200 से ज्यादा पॉजिटिव लोग अनट्रेस, किसी ने गलत नाम-पता दिया तो किसी का फोन बंद

0

[ad_1]

हिसार3 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक
orig origorigpatna corona315965424071599086417160244511 1604523707

फाइल फोटो।

  • रोजाना संक्रमित मिलने वाले कई लाेग गलत नाम और पता लिख विभाग काे कर रहे भ्रमित
  • स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियाें ने लाेगाें से की नाम और पता सही लिखने की अपील

काेराेना पाॅजिटिव आने वाले कुछ संक्रमित रोज स्वास्थ्य विभाग से लेकर पुलिस की परेशानी बढ़ा रहे हैं। गलत नाम, पता और माेबाइल नंबर दर्ज कर काेराेना जांच कराई जाती है। संक्रमित आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ऐसे भ्रमित करने वाले लाेगाें काे तलाश करता है ताे उनका नाम पता और अन्य ब्याेरा गलत मिलता है। 200 से अधिक ऐसे लाेगाें काे अभी भी स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की टीम तलाश कर रही है। हालांकि कुछ मामलाें में ऐसे लाेगाें का पता लगाया लिया जाता है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी ऐसे लाेगाें से परेशान हैं। प्रतिदिन टीमें इन्हें तलाश करने में जुटी हैं।

केस-1 बड़वाली ढाणी के 34 वर्षीय एक युवक ने काेराेना जांच कराई। तीन दिन बाद रिपाेर्ट पाॅजिटिव आई। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियाें ने दिए गए नंबर पर संपर्क किया ताे वह स्विच ऑफ जाता रहा। दिए गए पते पर टीम पहुंची ताे उस नाम का युवक ताे मिला मगर पिता का नाम गलत था। यहीं नहीं जाे युवक मिला, उसने जांच कराने की बात से ही इनकार कर दिया। अब टीम युवक काे तलाश करने में जुटी है।

केस-2 विद्युत नगर के एक युवक की रिपाेर्ट पाॅजिटिव आई। टीम ने काे क्वारेंटाइन करने के लिए दिए गए नंबर पर संपर्क करना चाहा ताे वह स्विच ऑफ जाता रहा। युवक ने जाे पता लिखा था वह भी जांच में गलत निकला। अब पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम युवक काे तलाश कर रही है।

केस-3 कुम्हारान माेहल्ले का व्यक्ति संक्रमित मिला। टीम ने व्यक्ति काे क्वारेंटाइन करने के लिए उससे संपर्क करना चाहा ताे व्यक्ति ने जिस मकान में खुद काे रहने बताया। वह किसी अन्य का निकला। हालांकि बाद में व्यक्ति काे तलाश कर क्वारेंटाइन कराया गया।

हिस्ट्री जुटा भेजी जाती है रिपोर्ट

काेराेना संक्रमित मिलने के बाद उनकाे क्वारेंटाइन कराने और हिस्ट्री खंगालने के लिए स्वास्थ्य विभाग के साथ-साथ प्रशासन और पुलिस की टीम भी जुटती है। पचास से अधिक टीमें संक्रमित और उनके संपर्क में रहने वाले लाेगाें की देखरेख करती है। हिस्ट्री जुटाकर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियाें काे इसकी रिपोर्ट भेजी जाती है। सीएमओ डॉ. रत्ना भारती ने कहा कि अभी मास्क ही वैक्सीन है। इसलिए लाेगाें काे मास्क जरूर लगाना चाहिए। त्याेहारी सीजन में बाजाराें में भीड़ जुटाने से बचना चाहिए। साेशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखना चाहिए।

सही ब्योरा दर्ज कराएं, ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके

कुछ लाेग नाम पते और साथ माेबाइल नंबर भी गलत दर्ज कराते हैं। संक्रमित मिलने के बाद ऐसे लाेगाें काे तलाशना टीम के लिए चुनाैती हाेता है। इससे काेराेना के और अधिक फैलने की संभावना बनी रहती है। लाेगाें काे सही ब्याेरा दर्ज कराना चाहिए, ताकि उनका समय पर उपचार शुरू कराया जा सके तथा अन्य की भी सैंपलिंग कराकर उन्हें सुरक्षित रख जा सके।- डाॅ. जया गाेयल, डिप्टी सीएमओ, हिसार।

[ad_2]

Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here