चीन को दुनिया की फैक्ट्री के रूप में जाना जाता है. यहां कई बड़ी कंपनियों के कारखाने हैं. चीन में ह्यमून रिसोर्स तो अच्छा है ही वहां टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल भी खूब किया जाता है. अब एक रिपोर्ट में सामने आया है कि चीन इंसानों की जगह रोबोट्स को काम पर लगाने में दुनिया में अग्रणी रहेगा. वॉशिंगटन आधारित एक थिंक टैंक इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन फाउंडेशन (ITIF) ने कहा है कि चीन के पास उम्मीद से 12 गुना अधिक रोबोट्स वर्कफोर्स में हैं.
रिपोर्ट में कहा गया है कि भले ही चीन अभी रोबोटिक इनोवेशन में सबसे आगे नहीं है लेकिन यह बस कुछ समय की ही बात है जब ऐसा सच हो जाएगा. रिपोर्ट में कहा गया है कि ऑटोमेशन का काफी ज्यादा इस्तेमाल कर रहा है. चीन अनुमान से 12.5 गुना अधिक रोबोट्स का इस्तेमाल कर रहा है. यह संख्या 2017 के मुकाबले 1.6 गुना अधिक है. वहीं, यूएस को जितने रोबोट्स यूज करने चाहिए उसका केवल 70 फीसदी ही इस्तेमाल करता है.
रोबोटिक्स को प्राथमिकता
रिपोर्ट में प्रमुख कंपनियों के शोध और वैश्विक विशेषज्ञों की इनसाइट्स शामिल हैं. यह भी पता चला कि चीन में रोबोटिक्स का उत्पादन और तैनाती दर तेजी से बढ़ रही थी क्योंकि चीनी सरकार ने रोबोटिक्स उद्योग को प्राथमिकता दी है. आईटीआईएफ के अध्यक्ष और रिपोर्ट के लेखक रॉबर्ट डी. एटकिंसन ने कहा, “चीन पहले से ही दुनिया का सबसे बड़ा औद्योगिक रोबोट बाजार है. 2022 में, दुनिया के सभी औद्योगिक रोबोटों में से 52 प्रतिशत चीन में स्थापित किए गए, जो एक दशक पहले 14 प्रतिशत से अधिक था.”
बढ़ती आयु है कारण
सरकार की नीतियों के कारण चीन में शिशु जन्म दर तेजी से गिरी. इसका नतीजा यह हुआ कि जनसंख्या विस्फोट तो रुक गया लेकिन औसत आयु भी धीरे-धीरे ज्यादा होने लगी. चीन में वर्कफोर्स अब वृद्ध हो रही है और उन्हें रिप्लेस करने के लिए नई पीढ़ी अभी तैयार नहीं है. आगे यह स्थिति और खराब हो सकती है. इसलिए चीन रोबोटिक्स पर ध्यान दे रहा है ताकि उसे मानव संसाधन की जहां भी जरूरत हो वह रोबोट्स का इस्तेमाल वहां कर सके.

