रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) की रिटेल शाखा रिलायंस रिटेल (Reliance Retail) ने शुक्रवार को वित्तीय वर्ष 2023-24 की तीसरी तिमाही के नतीजे घोषित कर दिए. तीसरी तिमाही में रिलायंस रिटेल का तिमाही रेवेन्यू सालाना आधार पर 22.8 फीसदी बढ़कर ₹ 83,063 करोड़ रुपये रहा. कंपनी का वित्त वर्ष 2024 के पहले 9 महीनों में रेवेन्यू 230,159 करोड़ रुपये रहा है. त्रैमासिक EBITDA भी वार्षिक आधार पर 31.1 फीसदी उछलकर ₹ 6,258 करोड़ रुपये रहा. रिलायंस रिटेल का नेट प्रॉफिट भी तीसरी तिमाही में सालाना आधार पर 31.9 फीसदी बढ़कर 3165 करोड़ रुपये रहा. चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में नेट प्रॉफिट 2790 करोड़ रुपये रहा था. वहीं, वित्त वर्ष 2022-23 की तीसरी तिमाही में नेट प्रॉफिट 2400 करोड़ रुपये रहा था.
रिलायंस रिटेल का ऑपरेशन से रेवेन्यू भी तीसरी तिमाही में बढ़ा है. यह सालाना आधार पर 23.8 फीसदी उछलकर 74373 करोड़ रुपये रहा. डिजिटल कॉमर्स व न्यू कॉमर्स व्यवसायों में वृद्धि जारी रही और इनका कंपनी की आय में 19% का योगदान रहा. दिसंबर तिमाही में कंपनी ने 252 नए स्टोर खोले. तिमाही के अंत तक कंपनी के कुल स्टोर्स की संख्या 18,774 हो गई. इन स्टोर्स का कुल क्षेत्रफल 72.9 मिलियन वर्ग फुट था. तिमाही के अंत में स्टोर्स का टोटल फुटफाल 282 मिलियन को पार कर गया. फुटफाल में सालाना आधार पर 40.3 फीसदी का उछाल आया है.
कंपनी के ग्रॉसरी बिजनेस में सालाना आधार पर 41% की वृद्धि हुई. त्योहारी मांग के कारण तीसरी तिमाही में यह बढोतरी हुई है. JioMart प्लेटफॉर्म पर भी ट्रैफिक और औसत ऑर्डर मूल्य में वृद्धि लगातार जारी है. प्लेटफ़ॉर्म पर विभिन्न श्रेणियों में खरीदारी बढ़ी है. जियोमार्ट ने अपने कैटलॉग को भी मजबूत किया है. ऑप्शन काउंट में सालाना आधार पर 84 फीसदी की वृद्धि तीसरी तिमाही में हुई है. सेलर बेस भी दिसंबर तिमाही में पिछले साल के मुकाबले तीन गुना बढ़ गया है. JioMart डिजिटल व्यवसाय ने अपने व्यापारी भागीदार आधार को 34 फीसदी की सालाना दर से बढ़ाया है.
फैशन व लाइफस्टाइल बिजनेस में 28 फीसदी की वृद्धि
रिलायंस रिटेल का फैशन और लाइफस्टाइल व्यवसाय में चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में साल-दर-साल आधार पर 28 की वृद्धि दर्ज की गई. AJIO ने तीसरी तिमाही में भी अपने कैटलॉग को मजबूत किया है. कंपनी का कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स व्यवसाय ने भी तीसरी तिमाही में हायर बास्केट के दम पर पिछले साल की तुलना में 19 फीसदी की सालाना वृद्धि दर्ज की.


