LIC share: एलआईसी आईपीओ के निवेशकों को 16 जनवरी को पहली बार कुछ खुशी मनाने का मौका मिला. जीवन बीमा कंपनी के शेयर पहली बार उस कीमत से ऊपर चले गए जिस कीमत पर पॉलिसीधारकों को यह अलॉट हुए थे. मंगलवार को एलआईसी के शेयर दिन के ट्रेड में 5.30 तक बढ़े और 900 का आंकड़ा पहली बार छू लिया. आपको बता दें कि अब भी यह शेयर उस आईपीओ प्राइस से नीचे ही हैं जिस पर आम खुदरा निवेशकों को इन्हें अलॉट किया गया
एलआईसी के शेयर पहली बार अपने लिस्टिंग प्राइस से भी ऊपर निकल गए. शेयरों की लिस्टिंग 867 रुपये पर हुई थी. अगर आपके मन में सवाल में उठ रहा है कि कैसे कोई निवेशक फायदे में पहुंच गया तो इसका जवाब है कंपनी द्वारा पॉलिसीहोल्डर्स को दिया गया डिस्काउंट गया था. एलआईसी ने पॉलिसीहोल्डर्स को 60 रुपये का डिस्काउंट दिया था. इस लिहाज से उन्हें एक शेयर 889 रुपये का पड़ा था जबकि इश्यू प्राइस 949 रुपये का था. हालांकि, रिटेल निवेशकों को भी 45 रुपये का डिस्काउंट मिला था लेकिन अभी शेयरों की कीमत वहां तक (904 रुपये) नहीं पहुंच पाई है.
लगातार बनी हुई है तेजी
देश की सबसे बड़ी बीमादाता एलआईसी के शेयर पिछले एक महीने में 11 फीसदी बढ़े हैं. वहीं, पिछले 6 महीने में इसके शेयरों में 43 फीसदी से अधिक की तेजी देखने को मिली है. यह शेयर अपने 52 हफ्तों के लो 530 रुपये से 67 फीसदी तक ऊपर आ चुका है. पिछले साल नवंबर में शेयर 12 फीसदी और दिसबंर में 22 फीसदी बढ़े थे.
क्या है तेजी का कारण
पिछले साल दिसंबर में एलआईसी के चेयरमैन सिद्धांत मोहंती ने एक समचार एजेंसी ने कहा था कि उन्हें उम्मीद है कि वित्त वर्ष 2024 में न्यू बिजनेस प्रीमियम की ग्रोथ डबल डिजिट में होगी. न्यू बिजनेस प्रीमियम किसी पॉलिसी का पहले साल का ड्यू प्रीमियम या फिर एक सिंगल लंप सम पेमेंट होता है. इसके अलावा एलआईसी भारत की सबसे वैल्यूएबल पीएसयू बनने के बेहद करीब है. इस मामले में यह जल्द एसबीआई को पीछे छोड़ सकती है. एलआईसी का मौजूदा मार्केट कैप 5.6 लाख करोड़ रुपये है और एसबीआई का मार्केट कैप 5.72 लाख करोड़ रुपये है.


