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बैसा3 घंटे पहले
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- बुधनीबाड़ी में आदिवासी समाज ने फूंका सीएम का पुतला
प्रखंड क्षेत्र के कटहलबाड़ी बुधनी बाड़ी आदिवासी टोला गांव में आदिवासी समाज ने सरना धर्म कोड व ओलचिकी भाषा को राज्य भाषा का दर्जा देने की मांग को लेकर बुधवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन व अन्य नेताओं का पुतला दहन कर विरोध जताया।
आयोजित पुतला दहन कार्यक्रम का नेतृत्व सेंगल अभियान के जिला अध्यक्ष लाल हांदसा कर रहे थे। सेंगल अभियान के जिला अध्यक्ष लाल हांदसा ने कहा कि पक्ष-विपक्ष व अन्य जनप्रतिनिधि आदिवासियों के संवैधानिक मामले में अड़चन डाल रहे हैं। इसी का परिणाम है कि 15 करोड़ आदिवासियों को अब तक सरना धर्म कोड नहीं मिल पाया है। सरकार की यह मंशा आदिवासियों के साथ बहुत बड़ा धोखा है। राज्य के मुखिया हेमंत सोरेन व सरकार से 1932 के खतियान के आधार पर स्थानीय डोमिसाइल नीति शीघ्र लागू करने और संताली भाषा को राज्य भाषा का दर्जा देने की मांग की। उन्होंने ने कहा कि भूमि, भाषा, इज्जत, आबादी, नौकरी-चाकरी की दिशा में सरकार कोई काम नहीं कर रही है। इसके जिम्मेदार प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से पक्ष-विपक्ष के नेता व जनप्रतिनिधि हैं। इसलिए हमलोग इसका पुतला दहन कर रहे हैं।
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